मुझे गलत मत समझना शायरी | galat samajhna shayari

मुझे गलत मत समझना शायरी

मुझे गलत मत समझना शायरी  galat samajhna shayari
मुझे गलत मत समझना शायरी । galat samajhna shayari

कुछ सवाल के जवाब बेशक ही नही थे,
क्योंकि शक के दायरे में कभी तुम नही थे.

उसे गजब का शौंक है हरियाली का,
रोज आकर जख्मों को हरा कर जाती है

जब भी वो उदास हो उसे मेरी कहानी सुना देना,
मेरे हालात पर हंसना उसकी पुरानी आदत है।

हमने भी छोड़ दिया, उसका इंतज़ार करना हमेशा के लिए,
जिसे हमारी निग़ाह की कदर ही न हो, उसे मुड़ मुड़ के क्या देखना।


galat samajhna shayari

galat samajhna shayari

जिंदगी कब तलक दर दर फिरायेगी हमें,
टूटा फूटा ही सही घर बार होना चाहिये।

एक पल में जो बर्बाद कर देते है दिल की बस्ती को,
वो लोग देखने में अक्सर मासूम होते है।

ऐ ज़िन्दगी मुझे तोड़ कर ऐसे बिखेर अब की बार,
ना खुद को जोड़ पाऊँ मै, ना फिर से तोड़ पाये वो।

खुशियां कम और अरमान बहुत हैं,
जिसे भी देखिए यहां हैरान बहुत हैं।


hum galat nahi hai shayari

hum galat nahi hai shayari

मैं चुप रहा और गलतफहमियां बढती गयी,
उसने वो भी सुना जो मैंने कभी कहा ही नहीं।

चुपके से ले कर नाम तेरा गुज़ार देंगे ये ज़िंदगी ,
बता देंगे ज़माने को प्यार ऐसे भी होता है।

वो अल्फ़ाज़ ही क्या,जो समझाने पड़े
हमने मोहब्बत की है, कोई वकालत नही।

आधे दुःख गलत लोगो से उम्मीद रखने से होते हैं,
और बाकी आधे सच्चे लोगो पर शक करने से होते है।


mujhe samajhna shayari

mujhe samajhna shayari

हर आदमी अब शक के घेरे में है,
इंसानियत का वजूद अब अँधेरे में है.

शक नही तेरे लिए बस प्यार भरा है,
तुझे खो न दूँ बस इसलिए ये दिल डरा है।

तुम्हारे होगें चाहने वाले बहुत इस कायनात में,
मगर इस पागल की तो कायनात ही तुम हो.

खामोश रहने पर भी उसे हो जाती थी फिक्र मेरी,
अब तो आंसू बहाने पर भी कोई जिक्र नहीं होता।


बिना गलती की सजा शायरी

बिना गलती की सजा शायरी

हाल तो पूछ लू तेरा पर डरता हूँ आवाज़ से तेरी..
ज़ब ज़ब सुनी है कमबख्त मोहब्बत ही हुई है !

यूँ तो मोहब्बत की सारी हकीक़त से वाकिफ है हम,
पर उसे देखा तो सोचा चलो ज़िन्दगी बर्बाद कर ही लेते है।

जिद में आकर उनसे ताल्लुक तोड़ लिया हमने,
अब सुकून उनको नहीं और बेकरार हम भी हैं।

बहुत लापरवाह हूँ जिंदगी में,
पर तेरी बहुत परवाह करती हूँ इस जिंदगी में।


kisi ko samajhna shayari

kisi ko samajhna shayari

प्यार एक खुबसूरत यहसास है,
प्यार से बड़ा इस दुनिया में नहीं कुछ और है।

जिंदगी की सारी मुश्किलों से लड़ने के लिए एक चीज चाहिए,
और मुझे हर हाल में तू और सिर्फ तू चाहिए।

हम प्यार में हद से गुजरते चले जायेंगे,
अगर आप न मिले जिंदगी में तो सच मच कुछ करते चले जायेंगे.

आईने जो तुम्हे कम पसंद करते है,
उसे मालूम है की तुम्हे हम बहुत पसंद करते है।


galat samjha shayari

galat samjha shayari

मेरे लवो को छु कर यूँ बहकाया ना करो,
मेरे सपनो में आकर इश्क महकाया ना करो।

तू बन जा मेरी इस कदर चाहूँगा तुझे की.
लोग दुआ करेगे की तुझसा नसीब हो हर किसी की।

जब भी हो थोड़ी फुरसत , मन की बात कह दीजिये,
बहुत ख़ामोश रिश्ते , ज़्यादा दिनों तक ज़िंदा नहीं रहते।

तुम्हें जब कभी मिले फ़ुरसतें मेरे दिल से बोझ उतार दो,
मैं बहुत दिनों से उदास हूँ मुझे कोई शाम उधार दो…!!


galat faisla shayari

galat faisla shayari

कौन मेरी चाहतोँ का फसाना समझेगा इस दौर मेँ,
यहाँ तो लोग अपनी जरुरत को मोहब्बत कहते हैँ।

किस्मत बुरी या मै बुरा फैसला हो ना सका,
मै सबका होता गया कोई मेरा हो ना सका !!

मंज़िल पाना तो बहुत दूर की बात हैं
गुरूर में रहोगे तो रास्ते भी न देख पाओगे।

मेरी कलम ने भी मेरा साथ छोड दिया,
कहती है अब तुम्हारे हाथ मे बंदूक ही अच्छी लगती है।


mujhe samajh shayari

mujhe samajh shayari

इन शोहरतों में आ कर हम और तनहा हो गए,
तेरी यादें आते आते जाने कहाँ चली जाती है।

टूट कर बिखर जाते है वो लोग मिटटी की दीवारों की तरह
जो खुद से भी जादा किसी और से मोहबत किया करते है..!

फिर कोई जख्म मिलेगा तैयार रह ऐ दिल,
कुछ लोग फिर पेश आ रहे हैँ बहुत प्यार से।

ख़ामोशी से मुसीबत और भी संगीन होती है,
तड़प ऐ दिल तड़पने से ज़रा तस्कीन होती है।


मुझे गलत मत समझना शायरी

मुझे गलत मत समझना शायरी

 वही हुआ न तेरा दिल, भर गया मुझसे,
कहा था न ये मोहब्बत नहीं हैं, जो तुम करती हो

मोहब्बत की न सही मेरे सलीके की तो दाद दे,
रोज़ तेरा ज़िक्र करता हूँ बगैर तेरा नाम लिए।

दुनिया लाख खूबसूरत हो मगर फिर भी,
तेरा ख़याल दिलकशीं है मेरे लिये।

क्या बयान करें तेरी मासूमियत को शायरी में हम,
तू लाख गुनाह कर ले सजा तुझको नहीं मिलनी।


mujhe galat mat samajhna shayari

mujhe galat mat samajhna shayari

इंसान ख्वाइशों से बंधा हुआ एक जिद्दी परिंदा है,
उम्मीदों से ही घायल है.उम्मीदों पर ही जिंदा है।

कभी टूटा नहीं दिल से तेरी याद का रिश्ता,
गुफ्तगू हो न हो ख्याल तेरा ही रहता है।

मत समझ कि कुछ नही है पास मेरे तुझे देने को,
शायर हूँ नाम तेरे कुछ तो लिख ही जाऊगाँ।

कोई जब पूछ बैठेगा ख़ामोशी का सबब तुमसे,
बहुत समझाना चाहोगे मगर समझा ना पाओगे !!


बिना गलती की सजा शायरी

बिना गलती की सजा शायरी

रंग दरकार थे हम को तेरी ख़ामोशी के,
एक आवाज़ की तस्वीर बनानी थी हमें।

ग़लत बातों को ख़ामोशी से सुनना हामी भर लेना,
बहुत हैं फ़ाएदे इस में मगर अच्छा नहीं लगता।

तुझ तक पहुंचा दे..वो राह नहीं मिलती,
हमने हर इक मोड़ से..पूछा,तेरा पता।

तुजको लेकर मेरा ख्याल नहीं बदलेगा, साल बदलेगा,
मगर दिल का हाल नहीं बदलेगा..!


mujhe galat mat samjho shayari

mujhe galat mat samjho shayari

ये रास्ते ले ही जाएंगे, मंजिल तक, तू हौसला रख,
कभी सुना है कि अंधेरे ने सुबह ना होने दी हो..!!

मेरी मोहब्बत का अंदाजा मत लगाना मेरी जान,
हिसाब मैं लूंगा नहीं, और चुकता तुम कर नहीं पाओगी।

थोड़ी खुद्दारी भी लाजिमी थी दोस्तो,
उसने हाथ छुड़ाया तो हमने छोड़ दिया।

हिसाब अपनी मोहब्बत का मैं क्या दूँ,
तुम अपनी हिचकियो को भी कभी गिना करो।


tum mujhe samajh na sake shayari in hindi

tum mujhe samajh na sake shayari in hindi

अगर फितरत हमारी सहने की नहीं होती,
तो हिम्मत तुम्हारी कुछ कहने की नहीं होती।

जो मेरे मुकद्दर में है वो खुद चल कर आएगा,
जो नहीं है उसे अपना खौफ लाएगा।

तुमने कहा था, आँख भर के देख लिया करो मुझे,
अब आँख भर आती है पर तुम नज़र नहीं आते​।

लफ्जो की बनावट मुझे नहीं आती,
मुझे तुमसे मोहब्बत है…सीधी सी बात है।


मुझे गलत मत समझना शायरी

मुझे गलत मत समझना शायरी

छोड तो सकता हुँ पर छोड नहीँ पाता,
वो शख्स मेरी बिगडी हुई आदत बन गया है।

बादशाह तो मैं कहीं का भी बन सकता हूँ पर,
तेरे दिल की नगरी में हुकूमत करने का मज़ा ही कुछ और है।

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